Solar Industries: डिफेंस ऑर्डर्स का पावरहाउस ₹15,000 Cr के आर्डर बुक ने बदला गेम

कल्पना कीजिए, एक कंपनी जो कोयले की खदानों में ब्लास्टिंग भी करती है और देश की सीमाओं की रक्षा के लिए मिसाइल्स और ड्रोन्स भी बनाती है। जी हां, हम बात कर रहे हैं Solar Industries India Ltd की। यह कंपनी अचानक चर्चा में है और इसकी वजह है इसका जबरदस्त ₹15,000 करोड़ से भी ज्यादा का डिफेंस ऑर्डर बुक। आइए आज समझते हैं कि आखिर यह कंपनी क्या करती है और क्यों यह इन्वेस्टर्स की नजर में चढ़ गई है।

Solar Industries

Solar Industries India Limited Nagpur, Maharashtra की एक कंपनी है जिसकी स्थापना 1995 में हुई थी। शुरुआत में यह सिर्फ इंडस्ट्रियल एक्सप्लोसिव बनाती थी, लेकिन आज यह एक ग्लोबल प्लेयर बन चुकी है। इसके 27 मैन्युफैक्चरिंग प्लांट्स भारत में हैं और 9 प्लांट्स नाइजीरिया, टर्की, थाईलैंड जैसे देशों में हैं। यानी इसका नेटवर्क 80 से ज्यादा देशों में फैला हुआ है।

क्या बनाती है यह कंपनी?

कंपनी के बिजनेस को मुख्य रूप से दो हिस्सों में बांटा जा सकता है। पहला है इंडस्ट्रियल सेगमेंट, जिसमें माइनिंग और कंस्ट्रक्शन के लिए विस्फोटक पदार्थ बनते हैं। दूसरा और सबसे दिलचस्प है थर्मल सेगमेंट, जो पूरी तरह से डिफेंस पर फोकस है। यह सेगमेंट ड्रोन्स, गोला-बारूद, रॉकेट, मिसाइल्स और वारहेड्स जैसी चीजें बनाता है। खास बात यह है कि Solar Industries भारत की पहली प्राइवेट कंपनी है जिसने HMX और RDX जैसे एडवांस्ड एक्सप्लोसिव्स डिफेंस सेक्टर को सप्लाई किए हैं।

ऑर्डर बुक

अब बात करते हैं सबसे जरूरी बात यानी ऑर्डर बुक की। Solar Industries का कुल ऑर्डर बुक ₹16,800 करोड़ से भी ज्यादा का है। और हैरान करने वाली बात यह है कि इसमें से जबरदस्त 90% हिस्सा सिर्फ डिफेंस प्रोजेक्ट्स का है।

सेगमेंटऑर्डर बुक का हिस्साअनुमानित रकम (करोड़ रुपये में)
डिफेंस90%₹15,000+
माइनिंग एक्सप्लोसिव्स10%₹1,800+

यह साफ दिखाता है कि कंपनी की ग्रोम का मुख्य इंजन अब डिफेंस सेक्टर ही बन गया है।

डिफेंस ऑर्डर बुक की हाइलाइट्स

कंपनी के पास डिफेंस के जो बड़े ऑर्डर्स हैं, उनमें शामिल हैं पिनाका रॉकेट्स का ₹6,000 करोड़ से अधिक का रिकॉर्ड ऑर्डर। इसके अलावा, 155 mm आर्टिलरी एम्युनिशन के लिए भी फैसिलिटीज तैयार हैं और कमर्शियल प्रोडक्शन जल्द शुरू होगा। कंपनी Nagastra ड्रोन्स के नेक्स्ट वर्जन पर भी काम कर रही है, जिनका इस्तेमाल ऑपरेशन सिंदूर जैसे मिशन में भी हुआ था। इंटरनेशनल मार्केट में भी कंपनी को डिफेंस ऑर्डर्स से करीब ₹8,000 करोड़ का बिजनेस मिला हुआ है।

कंपनी का फाइनेंशियल हाल

कंपनी की फाइनेंशियल हालत काफी मजबूत है। हाल ही में Q1FY25-26 के नतीजों में कंपनी की रेवेन्यू 27.88% बढ़कर ₹2,154 करोड़ हो गई, जबकि नेट प्रॉफिट ₹301 करोड़ से बढ़कर ₹353 करोड़ पर पहुंच गया। पिछले 5 सालों में कंपनी के प्रॉफिट में 36.2% की CAGR ग्रोथ रही है। कंपनी ने शेयरहोल्डर्स के लिए रिटर्न ऑन इक्विटी (ROE) 32.6% और रिटर्न ऑन कैपिटल एम्प्लॉयड (ROCE) 38.1% जैसे शानदार आंकड़े दिए हैं।

निष्कर्ष

Solar Industries India Ltd ने खुद को एक इंडस्ट्रियल एक्सप्लोसिव कंपनी से बदलकर एक टेक्नोलॉजी-ड्रिवन डिफेंस पावरहाउस में तब्दील कर लिया है। इसका ₹15,000 करोड़ से अधिक का डिफेंस ऑर्डर बुक आने वाले सालों में ग्रोम का पक्का इशारा दे रहा है। हालांकि माइनिंग का बिजनेस स्टेडी इनकम देता रहेगा, लेकिन डिफेंस सेगमेंट ही आगे चलकर कंपनी की वैल्यू बढ़ाने वाला मुख्य ड्राइवर साबित होगा।

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